अब्बू और उनके तीन दोस्तों ने मिलकर मुझे चोदा (abbu or unke tin dosto ne milkar mujhe choda): नमस्कार दोस्तों मेरा नाम नगमा है और में 21 साल की हूँ। आप सभी का freesexstory.online पर स्वागत है। आज की स्टोरी मेरे साथ घटी घटना के बारे में है जिसमे मेरे अब्बू और उनके 3 दोस्तों ने कैसे मिलकर एक साथ मुझे और मेरी अम्मी को चोद-चोदकर मजे लिए और मुझे चुदाई का चस्का लगा दिया।
मेरा नाम नगमा है, मैं 21 साल की हूँ और मेरी अभी तक शादी नहीं हुई है। मेरे घर पर मैं, मेरे अब्बू और अम्मी रहती हैं और मैं अभी कॉलेज में पढ़ाई के लिए जाती हूँ।
मैं बहुत ही ज़्यादा सेक्सी और गर्म लड़की हूँ, मुझे मेरे अब्बू ने बिना बुरका घर से निकालने के लिए मना कर रखा है। मैं जब बुर्के में कॉलेज जाती हूँ तो सभी लड़के मुझे देखकर तरह-तरह की फब्तियां कसते है, कोई कहता है- जान अपना बना लो ! कोई कहता- अपना पर्दा तो उठा दो !
कॉलेज के सभी लड़के मेरी गांड और स्तनों के दीवाने है। मुझे भी इस बात का पता है कि जब मैं चलती हूँ तो मेरी गांड पीछे से देखने वालो पर क़यामत ढाती है। मैंने 18 साल की उम्र तक सेक्स नहीं किया था परंतु कई बार रात में अब्बू अम्मी की चुदाई देखी थी।
अब्बू जब मेरी अम्मी को मस्त होकर चोदते और मेरी अम्मी जब जब अब्बू की उस चुदाई के मजे लेती तो उन्हें देखकर मेरी चूत में से पानी आ जाता था। उनकी इस चुदाई को देखकर मेरी पैंटी भी भीगी रहती और मैं अपनी चुत में अपनी ऊँगली डालकर उसे शांत करती थी।
आज की इस कहानी में मैं मेरी मेरी चुत की पहली चुदाई के बारे में आपको बताऊगी की कैसे मेरे अब्बू और उनके तीन दोस्तों ने मिलकर मेरी चुदाई की और मेरी चूत को असली सुख दिया।
यह घटना मेरे साथ तब घटी जब एक दिन मेरी कॉलेज की छुट्टी थी और हम मेहमानदारी में अब्बू के दोस्त के यहाँ दावत में गए थे। उनके घर में उस समय 3 आदमी थे जिनकी की उम्र 24, 28 और 34 होगी।
जब हम उनके घर में थे तो उनकी औरत बाज़ार में खरीददारी करने गई थी। मुझे थोड़ी देर बाद पेशाब लगा तो मैंने घर में होने के कारण अपना बुरका निकाला और बाथरूम गई और नीचे से नंगी होकर पेशाब करने लगी।
उसी दौरान ही शायद अब्बू के दोस्त को भी पेशाब लगी। वह घर बहुत ही छोटा था और उसमें बाथरूम भी एक था, मैं भी जल्दबाजी में बाथरूम का दरवाज़ा बंद करना भूल गई और अब्बू के दोस्त ने मुझे पेशाब करते हुए देख लिया।
मुझे पीछे किसी के होने का अहसास हुआ तो मैंने पीछे देखकर कहा- या अळ।ह अंकल आप याह बाथरूम में कैसे ! ख़ुदा के लिए आप यहाँ से चले जाईये!
लेकिन वो कहाँ जाने वाला थो क्योंकि उसने मेरी मस्त गोरी गांड और उसके बीच में गुलाबी और कुंवारी चूत जो देख ली थी! उसने तुरंत ही दरवाजा अन्दर से बंद किया और मुझे किस करने लगा। मैं उसकी इस हरकत पर चुप रही ताकि अब्बू को कुछ पता ना चले और अम्मी रसोई में थी।
उस आदमी ने मेरे थोड़ी देर किस करने के बाद कमीज़ के अन्दर के मेरे मस्त और गुब्बारे की तरह फूले हुए आमों को चूसना शुरू किया और नीचे से मेरी चूत में ऊँगली डालकर उसे ज़ोर ज़ोर से चोदने लगा।
मैं उसकी इस हरकत से थोड़ी ही देर में गरम हो गई थी, कुछ उसकी यह हरकते अच्छी लगने लगी और मुझे उस समय कुछ भी समझ में नहीं आ रहा था। जब उसे यह एहसास हो गया की उसकी हरकतों की बजह से में भी गर्म हो गई हूँ तो उसने मुझे अपना लण्ड निकाल कर चूसने को कहा, उसकी हरकतों की वजह से मेरी चूत में पानी निकल गया और उसने पूरा पी लिया मेरी चूत का पानी !
या ख़ुदा। उसके इस तरह से मेरी चूत को चूसने से मुझे तो इतना अच्छा लगा की में आपको उस एहसास के बारे में बता नहीं सकती। कुछ देर की चुसाई और मेरे बोबो को मसलने के बाद उसने मुझे खड़ा करके जब अपना लम्बा लण्ड मेरी कुंवारी चूत में अचानक से डाला तो उसका यह अचनाक से किया गया हमला मेरी चूत बर्दास्त नहीं कर पाई और मैं दर्द के मारे जोड़ से चीख पड़ी।
मेरी यह चीख इतनी ज़्यादा तेज थी की उसे मेरे अब्बू, अम्मी और उनके २ दोस्तों ने भी सुन लिया और जल्द से भागकर बाथरूम की तरफ आ गए। और दरवाज़ा पीटने लगे। में दरवाज़े के पास ही थी और इतने बड़े लंड के अचानक से चूत में जाने के कारण दर्द से कराह रही थी।
मैंने जब बाहर से दरवाजा पीटने की आवाज सुनी तो बिना कुछ सोचे दरवाज़े की चिटकनी खोल दी और जब दरवाज़ा खुला तो मेरी चूत में मेरे अब्बू के दोस्त का लोहे जैसा लंड घुसा हुआ था और उसमें से खून निकल रहा था। अब्बू ने जब बाथरूम के अंदर का यह मंजर देखा तो मुझे कहा बेटा तूने तो आज मुझे कहीं का नहीं छोड़ा अब तेरे से कौन शादी करेगा?
मेरे अब्बू के इतना कहते ही मेरी चूत में लंड डाले हुए ही वह 24 साल का अब्बू का दोस्त तुरंत ही बोल उठा-मैं आपकी लड़की से निकाह करूँगा! लेकिन इस निकाह के लिए मेरी आप लोगो के लिए एक शर्त है और वह यह है कि मेरी होने वाली इस बीबी को आप सब मेरे साथ मिलकर रंडी की तरह से चोदेंगे तो ही मैं इसके साथ में शादी करूँगा !
अब्बू के दोस्त के मुँह से इतना सुनते ही अब्बू का चेहरा और उसके हावभाव तुरंत ही बदलने लगे और उन्होंने कहा- बेटा मुझे तो तेरी गांड मारनी है बस, मेरी पिछले 2 सालो से तेरी गांड पर नज़र है! और आज में अपनी इस छिनाल की गांड को चोद-चोदकर फाड़ दूंगा!
बस फिर क्या था अब्बू के इतना कहते ही उनके दोस्तों ने सबसे पहले तो उस घर का दरवाजा अंदर से बंद किया और उसके बाद मुझे और मेरी अम्मी दोनों को हर तरह से चोद-चोद कर मस्त कर दिया और उस दिन के बाद से तो मुझे चुदाई का यह खेल सबसे अच्छा लगता है!
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